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होली पर घर में छिड़कें गुलाल, मिलेंगे ये लाभ

 Girish |  2017-03-12 07:51:27.0

होली पर घर में छिड़कें गुलाल, मिलेंगे ये लाभ



तहलका न्‍यूज ब्‍यूरो
लखनऊ: हिन्दू पंचांग के अनुसार, इस साल होलिका दहन 12 मार्च को सांय 6 बजकर 30 मिनट से 8 बजकर 35 मिनट तक किया जा सकता है। इसी दिन भद्रा का मुख सायं 5 बजकर 35 मिनट से 7 बजकर 33 मिनट तक है। हिन्दू धर्मग्रंथों और भारतीय वैदिक ज्योतिषशास्त्र के अनुसार, होलिका दहन या पूजन भद्रा के मुख को त्याग करके करना शुभफलदायक होता है।

उल्लेखनीय है कि फाल्गुन महीने की पूर्णिमा से पहले प्रदोष काल में होलिका दहन करने की परंपरा है। 12 मार्च को पूर्णिमा उदय व्यापिनी है। इसी दिन भद्रा का मुख सायं 5 बजकर 35 मिनट से 7 बजकर 33 मिनट तक है। इसके अगले दिन यानी 13 मार्च (सोमवार) को होली मनाई जाएगी।

होली के त्योहार को लेकर कई मान्यताएं जुड़ी हुई हैं। वास्तु में भी इस त्योहार को लेकर खास उपाय बताए गए हैं। आइए जानते हैं इनके बारे में। होली के दिन किसी गरीब को भोजन अवश्य कराएं। अपने घर के मुख्य द्वार पर गुलाल छिड़कें और वहां दीपक जलाएं। जब दीपक बुझ जाए तो उसे होलिका की अग्नि में समर्पित कर दें। होलिका पूजन के लिए होलिका दहन वाले स्थान को गंगाजल से शुद्ध कर पेड़ों से टूटकर गिरी लकड़ियां उपयोग की जानी चाहिए। होली के दिन सूर्य अस्त होने से पहले अपने घर और प्रतिष्ठान में धूप-दीप अवश्य जलाएं।

होलिका दहन के अगले दिन होली की थोड़ी सी राख को अपने शरीर पर मल लें। माना जाता है कि इससे ग्रह शांति होती है। होली की रात में घर की छत पर जाकर चंद्र देव का स्मरण करें। घी के दीपक के साथ धूप, अगरबत्ती अर्पित करें। सफेद रंग का प्रसाद अर्पित करें। ऐसा करने से आर्थिक समस्याएं दूर होती हैं। होली की रात अपने घर या प्रतिष्ठान की सारी लाइट जलाकर रोशनी करें।

अगर किसी ने कोई तंत्र कराया है तो थोड़ी मिश्री होलिका की अग्नि में समर्पित कर दें। होलिका की 11 परिक्रमा करते हुए सूखे नारियल की आहुति देनी चाहिए। इससे सुख-समृद्धि में वृद्धि होती है। होली के दिन प्रात: काल हींग के पानी से मुख शोधन करना चाहिए। प्रात: काल उठते ही किसी बाहरी व्यक्ति द्वारा दी गई वस्तु नहीं खानी चाहिए। सिर पर साफा, टोपी पहननी चाहिए। कोई व्यक्ति आपका पहना हुआ वस्त्र, रुमाल आदि मांगे तो इसे नहीं देना चाहिए। होली के दिन वास्तु यंत्र को पीले रंग के वस्त्र पर स्थापित करें।

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