Breaking News
  • Breaking News Will Appear Here

यश भारती पर कोर्ट सख्त, जवाब दे सरकार

 Sabahat Vijeta |  2016-04-01 14:45:01.0

judgeलखनऊ, 1 अप्रैल. उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा दिए जाने वाले यश भारती पुरस्कार को चुनौती देने वाली आईपीएस अफसर अमिताभ ठाकुर की याचिका पर इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच ने आज कड़ा रुख अख्तियार करते हुए सरकार से कई बिन्दुओं पर जवाब तलब किया है.


जस्टिस ए पी साही और जस्टिस ए आर मसूदी की बेंच ने सरकार से पूछा है कि यह पुरस्कार राज्य सरकार द्वारा किस वित्तीय मद से दिए जा रहे हैं. साथ ही उन्होंने पुरस्कार देने के लिए निर्धारित अर्हता और चयन के लिए अपनाई जाने वाली प्रक्रिया के बारे में भी पूछा है. कोर्ट ने यह भी पूछा है कि क्या इस प्रकार के पुरस्कार उपाधि नहीं देने की संवैधानिक व्यवस्था के अनुरूप हैं.


कोर्ट ने टिप्पणी की है कि पुरस्कार मांगे नहीं जाते, स्वयं दिए जाते हैं जैसा इस मामले में हुआ है. अमिताभ ने याचिका में कहा था कि जिस प्रकार पहले चुपके-चुपके 22 नाम घोषित किये गए और बाद में एक बार 12 और फिर 12 नाम नाम बढ़ा कर कुल 46 नाम कर दिए गए हैं और स्वयं मुख्य सचिव आलोक रंजन की पत्नी सुरभि रंजन को यह पुरस्कार दिया गया. उससे साफ़ जाहिर हो जाता है कि यह पुरस्कार मनमाने तरीके से दिए जा रहे हैं. अतः इस पुरस्कार को रद्द करते हुए पारदर्शी प्रक्रिया से नियमानुसार अवार्ड देने की प्रार्थना की गयी है.

  Similar Posts

Share it
Top