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यूपी में धार्मिक, एतिहासिक और ईको टूरिज्म की अपार सम्भावना

 Sabahat Vijeta |  2016-06-02 15:17:24.0


  • विभिन्न देशों में कार्यरत भारत के राजदूतों एवं उच्चायुक्तों के प्रदेश भ्रमण से उनके तैनाती के देशों एवं प्रदेश को आर्थिक रूप से लाभ होगा : मुख्यमंत्री

  • राज्य से हस्तशिल्प, एग्रो-उत्पाद, चमड़े का सामान, आभूषण आदि के निर्यात के साथ-साथ मेडिकल, धार्मिक, ऐतिहासिक एवं ईको-टूरिज्म की अपार सम्भावना

  • पूंजीगत निवेश को बढ़ावा देते हुए बड़े पैमाने पर विश्वस्तरीय बुनियादी सुविधाओं का विकास किया जा रहा है

  • मुख्यमंत्री ने प्रदेश को एक ब्राण्ड के रूप में लोकप्रिय बनाने एवं निवेश आकर्षित करने में सहयोग प्रदान करने का आह्वान किया

  • मुख्यमंत्री ने 9 देशों में कार्यरत भारत के राजदूतों एवं उच्चायुक्तों से मुलाकात की


cm-ambassadersलखनऊ. मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कहा है कि विभिन्न देशों में कार्यरत भारत के राजदूतों एवं उच्चायुक्तों द्वारा उत्तर प्रदेश को नजदीक से जानने के लिए तीन दिवसीय यात्रा से उनके तैनाती देशों एवं प्रदेश को आर्थिक रूप से लाभ होगा। उन्होंने इस पहल का स्वागत करते हुए अधिकारियों से उत्तर प्रदेश को एक ब्राण्ड के रूप में लोकप्रिय बनाने एवं अधिक से अधिक निवेश आकर्षित करने में सहयोग प्रदान करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि यहां के विकास कार्यों एवं पर्यटन स्थलों का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाना चाहिए।


मुख्यमंत्री आज यहां अपने सरकारी आवास पर 9 देशों में कार्यरत भारत के राजदूतों एवं उच्चायुक्तों से मुलाकात कर रहे थे। उन्होंने कहा कि राज्य से हस्तशिल्प, एग्रो-उत्पाद, चमड़े का सामान, आभूषण आदि के निर्यात के साथ-साथ मेडिकल, धार्मिक, ऐतिहासिक एवं ईको-टूरिज्म की अपार सम्भावना का दोहन करने में अधिकारियों के स्तर से सहयोग प्रदान किया जाना चाहिए है। इससे राज्य में रोजगार के नये अवसर पैदा होंगे, जिससे पूरे देश को लाभ होगा।


श्री यादव ने कहा कि आबादी के लिहाज से देश का सबसे बड़ा प्रान्त होने के कारण उत्तर प्रदेश एक बड़ा बाजार भी है। वर्तमान राज्य सरकार ने प्रदेश की जरूरत को समझते हुए सेक्टर वार निवेश फ्रेण्डली नीतियां बनाकर उन्हें लागू करने का काम किया है। पूंजीगत निवेश को बढ़ावा देते हुए बड़े पैमाने पर विश्वस्तरीय बुनियादी सुविधाओं का विकास किया जा रहा है। देश में सबसे तेज बन रहे आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस-वे की चर्चा करते हुए उन्होंने कहा कि इस एक्सप्रेस-वे का काम पूरा हो जाने के बाद प्रदेश की राजधानी लखनऊ, देश की राजधानी दिल्ली से सीधे जुड़ जाएगी। उन्होंने कहा कि देश का अब तक का सबसे लम्बा एक्सप्रेस-वे बनाकर राज्य सरकार ने एक उदाहरण पेश किया है। इसके साथ ही, प्रदेश के पूर्वांचल भागों को इस एक्सप्रेस-वे से जोड़ने के लिए समाजवादी पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे का निर्माण कार्य भी शुरू कराया जा रहा है।


उत्तर प्रदेश, देश का एक मात्र ऐसा राज्य है, जिसके कई नगरों में मेट्रो रेल परियोजनाएं तेजी से संचालित की जा रही हैं। इससे नगरीय क्षेत्रों में विश्वसनीय सार्वजनिक यातायात सुविधा का विकास होगा। लखनऊ मेट्रो रेल परियोजना को रिकॉर्ड समय में पूरा कराने का प्रयास किया जा रहा है। इसी प्रकार जनपद आजमगढ़ में को-जनरेशन युक्त आधुनिक चीनी मिल को भी रिकॉर्ड समय में स्थापित कराकर चालू कराया गया है। इससे वर्तमान राज्य सरकार की कार्य संस्कृति का अंदाजा लगाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि वर्तमान राज्य सरकार द्वारा प्रदेश में जिस प्रकार से विकास कराए जा रहे हैं, उससे आगामी वर्षों में यह राज्य देश के विकसित राज्यों में सबसे आगे होगा।


मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश के नौजवानों को आधुनिक तकनीक से जोड़ने के लिए अब तक करीब 17 लाख से अधिक छात्र-छात्राओं को निःशुल्क लैपटॉप वितरित किया गया है। इससे नगरों के साथ-साथ ग्रामीण क्षेत्रों में सूचना तकनीक को तेजी से प्रसारित करने में मदद मिलेगी। उन्होंने कहा कि दुनिया में इतने बड़े पैमाने पर कहीं भी लैपटॉप का वितरण नहीं किया गया। गरीब महिलाओं को सम्मान के साथ जीवन-यापन करने एवं उनमें आत्मविश्वास पैदा करने के लिए 55 लाख परिवारों को समाजवादी पेंशन योजना से आच्छादित किया गया है, जिसमें पेंशन की धनराशि लाभार्थी के खाते में सीधे प्रेषित की जा रही है। इस योजना में परिवार की महिला मुखिया को प्राथमिकता दी गई है। कानून-व्यवस्था की चर्चा करते हुए उन्होंने कहा कि राज्य सरकार इस फ्रण्ट पर मुस्तैदी से प्रयास कर रही है। डायल-100 परियोजना का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि 2 अक्टूबर, 2016 से यह सेवा काम करने लगेगी। इसके लिए पुलिस विभाग को आधुनिक सुविधाएं प्रदान की जा रही हैं। डायल-100 के शुरू हो जाने से घटना स्थल पर पुलिस 10 से 15 मिनट के बीच पहुंच सकेगी।


श्री यादव ने कहा कि राज्य सरकार ने प्रत्येक सेक्टर में बेहतर काम किया है। किसानों की आर्थिक स्थिति सुधारने का लगातार प्रयास किया जा रहा है। आधुनिक तकनीक का प्रयोग करते हुए मण्डियों की कार्यप्रणाली सुधारने का प्रयास किया जा रहा है। कन्नौज में परफ्यूम पार्क भी बनाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि आप लोगों के माध्यम से प्रदेश में चल रहे महत्वपूर्ण कार्यों एवं परियोजनाओं की जानकारी विदेशों में होने से देश एवं प्रदेश को लाभ होगा। पर्यावरण के प्रति भी राज्य सरकार पूरी तरह से जागरूक एवं सतर्क है। एक दिन में सर्वाधिक पौध रोपण का रिकॉर्ड उत्तर प्रदेश के नाम है। इस वर्ष जुलाई में एक दिन में ही 5 करोड़ पौधे लगाए जाएंगे। इसके लिए पूरी तैयारी की जा रही है।


इसी प्रकार उद्योग की एक महत्वपूर्ण जरूरत विद्युत पर तेजी से काम किया जा रहा है। इसके तीनों क्षेत्रों अर्थात उत्पादन, पारेषण एवं वितरण के लिए जरूरी बुनियादी सुविधाओं का विकास किया जा रहा है। प्रदेश की राजधानी लखनऊ के बीच से बहने वाली गोमती नदी के रिवरफ्रण्ट को विकसित किया जा रहा है। चकगंजरिया फार्म में सीजी सिटी का निर्माण तेजी से हो रहा है। लखनऊ-कानपुर के बीच उन्नाव में ट्रांस गंगा हाइटेक सिटी परियोजना को भी तेजी से जमीन पर उतारने का काम चल रहा है। जनपद इटावा में लायन सफारी विकसित करने के साथ ही, आगरा से इटावा तक देश का सबसे लम्बा साइकिल हाईवे भी बनाने का काम चल रहा है। इससे पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा। उन्होंने कहा कि शीघ्र ही सैफई साइकिल फ्रेण्डली गांव बन जाएगा। उन्होंने कहा कि इन परियोजनाओं से निवेशकों को विश्वस्तरीय सुविधाएं सुलभ होंगी।


श्री यादव ने कहा कि राज्य के विभिन्न क्षेत्र विशिष्ट हस्तशिल्प के लिए देश एवं दुनिया में जाने-पहचाने जाते हैं। प्रदेश सरकार इन हस्तशिल्प उत्पादों को बढ़ावा देने के लिए कई प्रकार की सहूलियतें प्रदान कर रही है। उन्होंने आश्वस्त किया कि जरूरत के हिसाब से जानकारी उपलब्ध कराने पर उसके अनुरूप राज्य सरकार फैसला लेने में पीछे नहीं हटेगी।




इससे पूर्व उजबेकिस्तान के राजदूत विनोद कुमार ने कहा कि वहां कॉटन, प्रोसेसिंग, यार्न तथा टूरिज्म आदि में काफी सम्भावना है। बुलगारिया में तैनात राजेश कुमार सचदेवा ने कहा कि वहां आयरन प्रोसेसिंग, सूचना प्रौद्योगिकी, कृषि उत्पाद, पर्यटन की अपार सम्भावना है। उन्होंने बताया कि वहां से बड़ी संख्या में लोग काशी में पर्यटन के लिए आते हैं। पोलैण्ड में तैनात राजदूत अजय बिसारिया ने बताया कि उत्तर प्रदेश के अधिकारी इस देश से जो भी सहयोग की अपेक्षा करेंगे उसमें दूतावास से पूरा सहयोग प्रदान किया जाएगा।


ओमान में तैनात इन्द्र मणि पाण्डेय ने बताया कि वहां बड़ी संख्या में उत्तर प्रदेश और विशेष रूप से पूर्वी उत्तर प्रदेश के लोग निवास करते हैं। यदि यहां के विकास कार्यों और सुविधाओं की जानकारी हिन्दी और भोजपुरी में उपलब्ध कराई जाए तो लोगों को काफी सुविधा होगी। उन्होंने मेडिकल टूरिज्म पर जोर देने तथा स्किल डेवलपमेण्ट के माध्यम से वहां की जरूरत के हिसाब से कार्य बल तैयार करने का आग्रह किया।


ईरान में तैनात सौरभ कुमार ने कहा कि यहां से बड़ी संख्या में शिया समुदाय के लोग वहां पढ़ने के लिए जाते हैं। इस प्रकार उस देश में यहां के लोगों का सांस्कृतिक सम्बन्ध गहराई से कायम है। उन्होंने कहा कि नौरोज एवं नए वर्ष के अवसर पर ईरान से बड़ी संख्या में लोग यहां घूमने आते हैं। इस प्रकार पर्यटन की भी काफी सम्भावना है। उन्होंने प्रदेश से व्यापारियों का डेलीगेशन ईरान भेजकर निवेश की सम्भावना तलाशने का आग्रह किया।


अंगोला में तैनात सुशील कुमार सिंघल ने कहा कि इस देश के भारत के अच्छे रिश्ते हैं। यहां से भारत सरकार क्रूड ऑयल खरीदती है। उन्होंने बताया कि यहां से कृषि एवं निजी क्षेत्र में निवेश की काफी सम्भावना है। ब्रुनेई में तैनात भारत की उच्चायुक्त सुश्री नगमा एम. मलिक ने कहा कि यह एक आर्थिक रूप से सम्पन्न देश है।



यहां से सूचना प्रौद्योगिकी, कृषि प्रसंस्करण आदि में काफी निवेश हो सकता है। उन्होंने कहा कि ब्रुनेई में हस्तशिल्प की भी बहुत बड़ी सम्भावना बनती है। उत्तर प्रदेश इस मामले में निर्यात की पहल कर सकता है। उन्होंने कहा कि सितम्बर में वाराणसी में इस सम्बन्ध में एक प्रदर्शनी का आयोजन किया जा रहा है।


जॉर्डन में भारत की राजदूत सुश्री शुभदर्शनी त्रिपाठी ने कहा कि इस देश से गैर परम्परागत ऊर्जा क्षेत्र में काम करने की काफी सम्भावना है। उन्होंने कहा कि यहां ताज को प्रमोट करके पर्यटन को बढ़ावा देने एवं विश्वविद्यालयों के साथ सम्बन्ध स्थापित कर काफी लाभ उठाया जा सकता है। तैपे एसोसिएशन में भारत के प्रबन्ध निदेशक मनीष चौहान ने कहा कि यहां से सूचना प्रौद्योगिकी आदि क्षेत्र में व्यापार की काफी सम्भावना है।


इस मौके पर बेसिक शिक्षा मंत्री अहमद हसन, राजनैतिक पेंशन मंत्री राजेन्द्र चौधरी, विधान परिषद के सदस्य मधुकर जेटली, मुख्य सचिव आलोक रंजन, प्रमुख सचिव सूचना नवनीत सहगल, प्रमुख सचिव वन संजीव सरन सहित कई अधिकारी उपस्थित थे।

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