Breaking News
  • Breaking News Will Appear Here

देश को आगे बढ़ाने के लिए सोच में परिवर्तन होते रहना चाहिए

 Sabahat Vijeta |  2016-04-07 17:08:38.0


  • नववर्ष चेतना समिति द्वारा भारतीय नववर्ष का आयोजन


gov-indiaलखनऊ, 7 अप्रैल. उत्तर प्रदेश के राज्यपाल राम नाईक ने आज संत गाडगे प्रेक्षागृह में नववर्ष चेतना समिति द्वारा भारतीय नवसंवत्सर 2073 के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में कहा कि भारत दुनिया का सबसे बड़ा जनतांत्रिक देश है जहाँ विभिन्न भाषाएं, धर्म और संस्कृति ‘अनेकता में एकता‘ का संदेश देती हैं। आने वाले समय में भारत युवाओं का देश होगा। हमारे युवक कैसे हों इस पर विचार करना चाहिए। युवा पीढ़ी को योग्य दिशा और योग्य विचार देने की जरूरत है। इस पूंजी को सही मार्गदर्शन देने का संकल्प करें। युवाशक्ति को नयी दिशा देकर भारत महान शक्ति बन सकता है। उचित मार्गदर्शन के अभाव में युवा देश के लिए जिम्मेदारी बन सकते हैं। बुद्धि का उपयोग देश के लिए कहाँ हो, यह एक बड़ा सवाल है। उन्होंने कहा कि भारतीय नववर्ष देश के लिए कुछ करने की प्रेरणा देता है।

राज्यपाल ने कहा कि देश को आगे बढ़ाने के लिए सोच में परिवर्तन होते रहना चाहिए। भूत के साथ वर्तमान पर विचार करें तो सहजता से आगे क्या करना है, हम सोच सकते हैं। हमें यह भी विचार करना है कि हमारा देश आज कहाँ खड़ा है तो देश प्रगति कर सकता है। ऐसी जीवनशैली का उपयोग करें जो मन को शांति दे। आज विश्व स्वास्थ दिवस भी है। उसका उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि बदलती जीवनशैली के कारण स्वास्थ पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ा है। योग, व्यायाम एवं सूर्य नमस्कार से स्वस्थ जीवन जीया जा सकता है। उन्होंने कहा कि मन को शांति अच्छे कार्य एवं आचरण से मिलती है।


श्री नाईक ने कहा कि देश 1947 में आजाद हुआ तथा 1950 में देश में संविधान लागू हुआ। संविधान सभा में वंदे मातरम् और जन गण मन दोनों पर चर्चा हुई। संविधान सभा के अध्यक्ष डाॅ. राजेन्द्र प्रसाद ने कहा था कि राष्ट्रगान और राष्ट्रगीत दोनों का सम्मान होना चाहिए। राज्यपाल ने कहा कि राष्ट्रगान और राष्ट्रगीत का सम्मान करना जनतंत्र का सम्मान करना है।


महापौर डाॅ. दिनेश शर्मा ने कहा कि भारतीय नववर्ष का पहला दिन नारी के सम्मान से शुरू होता है और नौ दिन तक लगातार नारी के अनेक रूप की पूजा होती है। उन्होंने कहा कि भारतीय संस्कृति और साहित्य के कारण अस्मिता और सांस्कृतिक विरासत आज तक हमारे देश में स्थापित है।


कार्यक्रम में नववर्ष चेतना समिति के अध्यक्ष डाॅ. गिरीश गुप्ता, सचिव सुनील अग्रवाल तथा आचार्य कौशिक चैतन्य ने भी अपने विचार रखे। कार्यक्रम में संस्था की स्मारिका ‘नवचैतन्य‘ का विमोचन किया गया। इस अवसर पर मुंबई से आये कलाकार प्रो. मदन दुबे ने देशभक्ति पर आधारित गीत प्रस्तुत किये। राज्यपाल ने प्रो. मदन दुबे द्वारा रचित ‘आयुर्वेद दोहा‘ की सी.डी. का लोकार्पण भी किया।

  Similar Posts

Share it
Top