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मायावती बोलीं सपा के पारिवारिक झगड़े का खामियाजा भुगत रही यूपी, जल्द हों चुनाव

 Anurag Tiwari |  2016-08-17 11:02:49.0

 

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लखनऊ. बीएसपी सुप्रीमो मायावती ने सपा सुप्रीमो मुलायम सिंह यादव के परिवार में मतभेद होने की ख़बरों पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा सपा में पारिवारिक झगड़ा सूबे के लिए यह अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने आगाह किया कि आने वाले दिनों में इसका और भी बुरा ख़ामियाज़ा राज्य की 22 करोड़ जनता को झेलना पड़ सकता है।

सपा में उभरे मतभेद को देखते हुए मायावती ने चुनाव आयोग को सूबे में चुनाव कराने के लिए जल्द से जल्द तिथि घोषित करने की सलाह दी है। कई बार यूपी में राष्ट्रपति शासन लगाने की मांग कर चुकी बीएसपी सुप्रीमो अब सूबे में जल्दी चुनाव चाहती हैं। इसके लिए उन्होंने केंद्रीय चुनाव आयोग से जल्द से जल्द यूपी में विधान सभा चुनावों की तारीख घोषित करने की मांग की है।


मायावती ने एक बार फिर प्रदेश की सत्तारूढ़ पार्टी सपा पर निशाना साधते हुए कहा कि यूपी में पहले से ही कानून-व्यवस्था की हालत काफी ख़राब है। यहां चारों तरफ 'जंगलराज' का माहौल कायम है। उन्होंने कहा कि मुलायम सिंह यादव परिवार में ही भीषण अंतर्कलह से स्थिति और भी ज़्यादा बिगड़ने लगी है। मायावती ने आरोप लगाया कि इस पारिवारिक कलह का शिकार सूबे के सीनियर अफसर बन रहे हैं और इसका बुरा असर शासन-प्रशासन व्यवस्था पर दिखने लगा है।

बीएसपी सुप्रीमो ने कहा कि सूबे में लचर शासन-प्रशासन और व्यापक भ्रष्टाचार के कारण हर तरफ बहाली फैली हुई है। उन्होंने कहा कि सूबे की बर्बादी के लिए यही कम नहीं था कि अब सपा कुनबे में जारी आपसी खींचतान से और भी अव्यवस्था फैलने की आशंका है। इसके चलते केन्द्रीय चुनाव आयोग को संविधान के प्रावधानों के अंतर्गत, जनता के हित को देखते हुए, सूबे में विधानसभा आमचुनाव की तिथि जल्द-से-जल्द घोषित करने की तैयारी पूरी कर लेनी चाहिये।

बीएसपी सुप्रीमो ने आरोप लगाया कि सपा और बीजेपी दोनों मिलकर चुनाव टालना चाहती हैं, जबकि केंद्र की एनडीए सरकार को काफी पहले ही यूपी में राष्ट्रपति शहसं लगा देना चाहिए था। उन्होंने कहा कि चुनाव में जितनी देरी होगी अव्यवस्था का फायदा उठाकर भ्रष्ट, असामाजिक एवं आपराधिक तत्व मौक़े का ग़लत इस्तेमाल करके प्रदेश को हिंसा व बर्बादी की आग में झोक सकते हैं, जिससे विधानसभा चुनाव स्वतंत्र, निष्पक्ष व शान्तिपूर्ण कराने में काफी परेशानी होगी।

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